क्लीन एनर्जी के क्षेत्र (Clean Energy Sector) में अदाणी ग्रीन एनर्जी (Adani Green Energy) को लेकर इस वक्त ब्रोकेरेज हाउस काफी बुलिश नजर आ रहे हैं. अगस्त के महीने में अदाणी ग्रुप की इस रीन्युएबल एनर्जी कंपनी को लगातार तीसरी बार किसी बड़े ब्रोकरेज हाउस से पॉजिटिव रेटिंग मिली है. ग्लोबल इन्वेस्टमेंट बैंक मॉर्गन स्टेनली ने कंपनी पर अपनी कवरेज शुरू करते हुए “Overweight” की रेटिंग दी है, साथ ही 1,525 रुपये का टारगेट प्राइस भी दिया है, जो कि 20 अगस्त को अदाणी ग्रीन एनर्जी के क्लोजिंग प्राइस 1,301.80 रुपये से 17% ऊपर है. मॉर्गन स्टेनली से पहले इसी महीने एक्सिस कैपिटल और एलारा कैपिटल भी इस स्टॉक पर पॉजिटिव नजरिया दे चुके हैं.
मॉर्गन स्टेनली क्यों है बुलिश?
ब्रोकरेज का कहना है कि अडानी ग्रीन की अलग-अलग क्लीन एनर्जी तकनीकों में मौजूदगी, बेहतर होती पोर्टफोलियो क्वालिटी और मजबूत एग्जीक्यूशन कंपनी की ग्रोथ को आगे बढ़ाने वाले प्रमुख कारण हैं. मॉर्गन स्टेनली को उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2026 से 2031 के बीच कंपनी का रेवेन्यू करीब 18% की सालाना दर से बढ़ सकता है, जबकि इसी दौरान रिटर्न ऑन कैपिटल एम्प्लॉयड (ROCE) लगभग 14% रहने का अनुमान है. मॉर्गन स्टेनली ने ये भी अनुमान लगाया है कि FY26 से FY31 के बीच कंपनी का EPS करीब 49% CAGR से बढ़ सकता है. अगर ये अनुमान सही साबित होता है तो अगले पांच वर्षों में कंपनी की प्रति शेयर कमाई में बहुत तेज कंपाउंड ग्रोथ देखने को मिल सकती है.
तेज़ी से बढ़ रही अदाणी ग्रीन की क्षमता
ब्रोकरेज ने अपनी रिपोर्ट में इस बात पर खास जोर दिया है कि जैसे-जैसे भारत का रिन्यूएबल एनर्जी बाजार बढ़ रहा है, वैसे-वैसे बड़े पैमाने पर प्रोजेक्ट पूरा करने की क्षमता कंपनियों के लिए और भी अहम होती जा रही है. मॉर्गन स्टेनली का कहना है कि अदाणी ग्रीन एनर्जी भारत की सबसे बड़ी क्लीन एनर्जी कंपनियों में से एक है. इसके पास बड़े पैमाने पर रीन्युएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स को शुरू करने का अनुभव है और पिछले कुछ सालों में इसकी इंस्टॉल्ड कैपिसिटी में तेजी से बढ़ोतरी भी हुई है.
रिपोर्ट के मुताबिक, अदाणी ग्रीन ने बीते दो सालों में अपनी क्षमता को दोगुना से भी ज्यादा किया है. कंपनी ने कई गुना गीगावॉट क्षमता जोड़ी है, जो कि उसकी गाइडेंस के मुताबिक ही रहे हैं. मॉर्गन स्टेनली का अनुमान है कि अदाणी ग्रीन की कंपनी की कॉन्ट्रैक्टेड रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता अभी करीब 20.1 गीगावाट है, जो कि FY31 तक बढ़कर लगभग 38 गीगावाट हो जाएगी. साथ ही, कॉन्ट्रैक्टेड सोलर क्षमता भी FY31 तक 49 GWh तक पहुंचने का अनुमान है.
AI और डेटा सेंटर्स बड़े मौके
आने वाले समय में AI बेस्ड डेटा सेंटरों की वजह से बिजली की मांग तेजी से बढ़ने वाली है. ये बात भी मॉर्गन स्टेनली ने अपनी रिपोर्ट में कही है. ऐसा होने पर ये अदाणी ग्रीन एनर्जी के लिए एक नया मौका बन सकता है. मॉर्गन स्टेनली का अनुमान है कि भारत की डेटा सेंटर क्षमता वित्त वर्ष 2031 तक करीब 10.5 गीगावाट तक पहुंच सकती है, जिससे भरोसेमंद और लगातार मिलने वाली क्लीन पावर की जरूरत और बढ़ेगी.
इसके अलावा, अदाणी एंटरप्राइजेज ग्रुप की जो 2030 तक 3 गीगावाट डेटा सेंटर क्षमता बनाने की योजना है, उसका फायदा भी अदाणी ग्रीन को मिल सकता है. यानी ग्रुप के भीतर ही एक इकोसिस्टम तैयार हो रहा है, जिसका सीधा फायदा कंपनी को मिल सकता है.
बाकी ब्रोकरेज हाउस के आउटलुक
मॉर्गन स्टेनली के अलावा कई और ब्रोकरेज भी इस स्टॉक को लेकर पॉजिटिव नजर आ रहे हैं. ब्लूमबर्ग के डेटा के मुताबिक, कुल 11 एनालिस्ट्स में से 10 ने अदाणी ग्रीन एनर्जी पर “BUY” की रेटिंग दी है, जबकि सिर्फ एक एनालिस्ट ने “SELL” रेटिंग दी है. सभी ब्रोकरेज को मिलाकर 12 महीने का औसत टारगेट प्राइस करीब 1,570 रुपये के आसपास बैठता है, जो 20 अगस्त के क्लोजिंग प्राइस से लगभग 20% ज्यादा है.
एक्सिस कैपिटल
Rating: BUY
Target Price: 1,704 रुपये
Elara Capital
Rating: Accumulate
Target Price: 1,502 रुपये
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और शिक्षा के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें दी गई जानकारी विभिन्न ब्रोकरेज हाउस की रिपोर्ट्स और सार्वजनिक स्रोतों पर आधारित है। इसे किसी भी तरह की निवेश सलाह, सिफारिश या खरीद-बिक्री का सुझाव न समझें। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है, और किसी भी स्टॉक का पिछला प्रदर्शन भविष्य के रिटर्न की गारंटी नहीं देता। निवेश से पहले कृपया अपनी खुद की रिसर्च करें और किसी योग्य वित्तीय सलाहकार (SEBI-रजिस्टर्ड) से सलाह जरूर लें। लेखक, प्रकाशक या इस आर्टिकल से जुड़ा कोई भी पक्ष इस जानकारी के आधार पर लिए गए किसी भी निवेश निर्णय के लिए जिम्मेदार नहीं होगा।
