Gold Silver Price: सोना फिर पहुंचा $4,500 के पार; 2 हफ्ते में 10% चढ़ा; अब कहां जाएंगे भाव?

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Gold Back Above $4,500: 10% Rally in Two Weeks — What's the Next Target?

सोना अब 4,500 डॉलर प्रति आउंस के पार निकल गया है. इसके पहले इस 23 दिसंबर, 2025 में सोने ने इस स्तर को पार किया था. हालांकि भाव अब इसके नीचे आ गए हैं. बुधवार को दो महीने की ऊंचाई पर पहुंचने के बाद सोने की कीमतें गुरुवार, 13 अगस्त, 2026 को स्थिर दिखाई दे रही हैं. बुधवार को अमेरिका ने जुलाई के रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी किए थे, जो कि अनुमान से नरम आए. महंगाई के इन नरम आंकड़ों ने सोने की कीमतों को सपोर्ट किया जिससे कॉमेक्स पर गोल्ड वायदा आज यानी 13 अगस्त को 4,500 डॉलर प्रति आउंस के पार निकल गया.

सोना-चांदी चमके

फिलहाल, 13 अगस्त को सुबह 11:15 बजे तक इंटरनेशनल मार्क्टे में सोना वायदा करीब 0.50% की गिरावट के साथ 4,446.17 डॉलर प्रति आउंस पर ट्रेड कर रहा था. घरेलू मार्केट में MCX पर सोने के अक्टूबर वायदा 0.50% की कमजोरी के साथ 1,54,111 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा था.

इंटरनेशनल मार्केट में चांदी वायदा करीब 1% कमजोर है, कॉमेक्स पर ये 65.093 डॉलर प्रति आउंस पर ट्रेड कर रहा है. घरेलू मार्केट में MCX पर चांदी का सितंबर वायदा 0.65% की गिरावट के साथ, 2,36,300 रुपये प्रति किलो पर ट्रेड कर रहा है.

सोने की कीमतों में क्यों आई तेज़ी?

सोने में इस तेज़ी की सबसे बड़ी वजह अमेरिका के रिटेल महंगाई के आंकड़े हैं, जो अनुमान से नरम आए हैं. इससे ये पता चलता है कि अमेरिका और ईरान के बीच जंग की वजह से कच्चे तेल की कीमतों के जो दाम बढ़े हैं, उसका महंगाई पर बहुत ज्यादा असर नहीं पड़ा है.

महंगाई के इन आंकड़ों ने एक बात की ओर साफ इशारा किया है कि फेड के सामने ब्याज दरें बढ़ाने के रास्ते संकरे हो गए हैं. CME FedWatch टूल के मुताबिक, सितंबर में ब्याज दर बढ़ने की संभावना अब घटकर 34% रह गई है, जबकि CPI आंकड़े आने से पहले ये संभावना 46% थी.

महंगाई के नरम रहने और ब्याज दरें नहीं बढ़ने का फायदा सोने की कीमतों को मिलता है. क्योंकि बॉन्ड यील्ड कम होने पर निवेशक सोने में निवेश करते हैं, जिससे सोने की डिमांड बढ़ती है और कीमतें ऊपर जाती हैं.

आगे किन इवेंट्स पर नज़रें

रिटेल महंगाई के बाद अब, निवेशकों की नजरें 13 अगस्त को आने वाली थोक महंगाई यानी प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (PPI) के आंकड़ों पर टिकी हैं, जो अगली फेड बैठक से पहले महंगाई का एक और महत्वपूर्ण संकेत देंगे. इसके अलावा सितंबर में होने वाले फैसले से पहले रोजगार और महंगाई से जुड़े और भी कई आंकड़े सामने आने वाले हैं.
19 अगस्त को जुलाई की फेड मीटिंग्स के मिनट्स जारी होंगे. 15-16 सितंबर की फेड बैठक से पहले 4 सितंबर को अगस्त महीने के जॉब्स डेटा जारी होंगे.

इसके साथ ही, बाजार की नजर इस महीने होने वाले जैक्सन होल संगोष्ठी में फेड चेयरमैन केविन वॉर्श के बयानों पर भी होंगी. जैक्सन होल सिम्पोजियम सितंबर की FOMC बैठक से करीब तीन हफ्ते पहले होता है, इसलिए अगर फेड चेयरमैन को सितंबर के फैसले पर कोई संकेत देना है, तो यही उनका आखिरी बड़ा मौका होगा. यहीं से बाजार को ये जानने का मौका मिलेगा कि पॉलिसीमेकर्स महंगाई और ग्रोथ के बीच संतुलन को किस नजरिये से देख रहे हैं. ब्याज दरों को लेकर यहीं से कोई इशारा भी मिल सकता है.

आगे आने वाले बड़े डेटा और इवेंट्स

तारीखइवेंट
19 अगस्त 2026FOMC मिनट्स (जुलाई मीटिंग के) जारी होंगे
27-29 अगस्त 2026जैक्सन होल इकोनॉमिक सिम्पोजियम
4 सितंबर 2026अगस्त महीने का जॉब्स डेटा (गैर-कृषि)
15-16 सितंबर 2026अगली FOMC बैठक

मिडिल ईस्ट में अनिश्चितता बरकरार

महंगाई के नरम आंकड़ों ने थोड़ी राहत तो दी है, लेकिन इससे महंगाई का खतरा पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है. क्योंकि मिडिल ईस्ट में अगर तनाव फिर से भड़कता है, तो कच्चे तेल की कीमतें दोबारा बढ़ सकती हैं, जिससे फेडरल रिजर्व पर सख्त नीति अपनाने का दबाव फिर से बन सकता है.

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव को खत्म करने और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने की कोशिशें तो जारी हैं, लेकिन इसे लेकर अभी तक कोई ठोस कामयाबी हासिल नहीं हो पाई है. दुनिया की नजरें अमेरिका और तेहरान के बीच संघर्ष सुलझाने की ताजा कोशिशों पर बनी हुई है, और इसी अनिश्चितता के चलते कच्चा तेल गरम होता जा रहा है.

डॉलर स्थिर, सोने को नई दिशा नहीं मिली

सोने की कीमतों पर डॉलर का भी असर होता है, बीते कुछ दिनों से डॉलर इंडेक्स 99-100 के इर्द-गिर्द ही घूम रहा है. जिससे सोने को कोई नई दिशा नहीं मिल पाई है. इससे पहले अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में गिरावट और डॉलर के कमजोर पड़ने से सोने की तेजी को सहारा मिला था, लेकिन अब ये हलचल भी कुछ शांत हो गई है.

चीन की खरीदारी से सहारा

सोने की मजबूती में चीन की खरीदारी की भी अहम भूमिका रही है. पीपल्स बैंक ऑफ चाइना लगातार सोना खरीदता आ रहा है, और पहले हुई बिकवाली के बाद अब निवेशकों की सोने में दिलचस्पी फिर से लौटती दिख रही है. टेक्निकल नजरिये से देखें तो सोना इस हफ्ते अप्रैल के बाद पहली बार अपने 100-DAY के मूविंग एवरेज से ऊपर निकल गया है, जो इसकी बेहतर होती तकनीकी तस्वीर को दिखाता है.

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